MP: एग्जाम का ऐसा प्रेशर… परीक्षा के डर से 10वीं के छात्र ने जहर खाकर दी … – भारत संपर्क

मध्य प्रदेश में अभी तो वार्षिक परीक्षा की शुरुआत भी नहीं हुई है और विद्यार्थियों पर एग्जाम का ऐसा प्रेशर दिखाई देने लगा है, जिसके लिए वे आत्मघाती कदम तक उठाने लगे हैं. उज्जैन जिले में एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जिसमें वार्षिक परीक्षा के प्रेशर को 10वीं कक्षा में पढ़ने वाला एक छात्र झेल नहीं पाया और उसने परीक्षा के डर से ही जहरीला पदार्थ खा लिया. जब छात्र की तबीयत बिगड़ी तो घरवालों ने उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.
पूरा मामला जीवाजीगंज थाना क्षेत्र का है. थाना क्षेत्र के अवंतीपुरा में रहने वाले नाबालिग छात्र निलेश यादव (15) की जहरीला पदार्थ खाने से मौत हो गई. जीवाजीगंज थाना पुलिस ने बताया कि निलेश कक्षा 10वीं का छात्र था, जो कि संत लीला शाह कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ता था. वैसे तो वह पढ़ने में काफी अच्छा था, लेकिन 5 फरवरी 2024 से शुरू होने वाली 10वीं बोर्ड की परीक्षा के कारण वह इतना डरा हुआ था कि वह परीक्षा का प्रेशर नहीं झेल पाया और उसमें यह आत्मघाती कदम उठा लिया.
तबीयत बिगड़ी तो घरवालों को बताई जहर खाने की बात
बताया जाता है कि निलेश ने परीक्षा के डर से जहरीला पदार्थ तो खा लिया था, लेकिन जब उसकी तबीयत बिगड़ी और परिजन उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे तो निलेश ने परिजनों को जहर खाने की बात बताई. यह बात सुन परिजन और घबरा गए. पहले तो निलेश का इलाज सरकारी अस्पताल में ही चल रहा था, लेकिन बाद में उसे निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां डॉक्टर उसे बचाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई.
जांच में जुटी पुलिस
परीक्षा के डर से भले ही निलेश ने जहरीला पदार्थ खा लिया हो, लेकिन छात्र की मौत कई अनसुलझे सवालों को छोड़ गई है. पुलिस का कहना है कि सबसे बड़ा सवाल तो यही है कि आखिर निलेश यह जहर कहां से लाया, वह नाबालिक था तो उसे यह जहर आसानी से आखिर कहां से मिल गया?
किसी को परेशानी बताता तो बच जाती छात्र की जान
बताया जाता है कि नीलेश का परिवार शिक्षित है. उसके पिता धनवंतरी कॉलेज में कार्य करते हैं. अगर परीक्षा के डर को लेकर अपने परिवार या शिक्षकों से बात करता तो शायद उसका यह डर खत्म हो जाता, लेकिन उसने अपनी इस परेशानी के बारे में किसी को नहीं बताया और परीक्षा का प्रेशर उस पर इतना हावी हुआ कि उसने जहर खाकर अपनी जान दे दी.