रायपुर में ई-बस रूट तैयार… स्कूल-हॉस्पिटल समेत यहां बनेंगे स्टॉप, पीएम आवास 30 सितंबर तक पूरे करने के निर्देश

सोनमणि बोरा ने विभागीय योजनाओं की समीक्षा की
HighLights
- ई-बस रूट में स्कूल, कालेज और अस्पताल शामिल होंगे
- प्रधानमंत्री आवास 30 सितंबर तक पूरे करने होंगे
- 15वें वित्त आयोग के कार्यों में गैप एनालिसिस होगा
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, रायपुर। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने सोमवार को मंत्रालय में विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने ई-बसों के जनसुविधा आधारित रूट तैयार करने, प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के निर्माणाधीन आवासों को 30 सितंबर तक पूरा करने और वेस्ट-टू-एनर्जी परियोजनाओं के लिए व्यवहारिक वित्तीय माडल तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही 15वें वित्त आयोग की राशि से होने वाले कार्यों में बेहतर प्लानिंग और गैप एनालिसिस पर जोर दिया।
दर्शनीय स्थलों के साथ स्कूल-अस्पताल भी रूट में
सोनमणि बोरा ने कहा कि ई-बसों के रूट तय करते समय रायपुर के प्रमुख दर्शनीय स्थलों के अलावा स्कूल, कॉलेज, अस्पताल और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों को भी जोड़ा जाए। इससे शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी और अधिक नागरिक सार्वजनिक परिवहन का उपयोग कर सकेंगे।
उन्होंने प्रस्तावित रूटों की व्यवहारिकता, यात्री आवागमन और कनेक्टिविटी का आकलन करने के लिए विस्तृत सर्वे प्लान तैयार कराने को कहा। PPP माडल के तहत बस-स्टाप्स की सूची बनाने और यात्रियों की सुविधा व जरूरत के अनुसार इनके स्थान निर्धारित करने के निर्देश भी दिए।
30 सितंबर तक पूरे हों पीएम आवास
प्रमुख सचिव ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 1.0 के तहत निर्माणाधीन आवासों को निर्धारित अंतिम तिथि 30 सितंबर तक पूरा कराने के लिए साप्ताहिक लक्ष्य तय कर विशेष अभियान चलाने को कहा। कलेक्टरों और नगरीय निकायों को लंबित आवासों की नियमित समीक्षा करने तथा तकनीकी और प्रशासनिक बाधाओं का तत्काल समाधान करने के निर्देश दिए।
वेस्ट-टू-एनर्जी में वित्तीय स्थिरता पर जोर
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के तहत प्रस्तावित वेस्ट-टू-एनर्जी परियोजनाओं की तकनीकी व्यवहार्यता के साथ दीर्घकालिक वित्तीय स्थिरता का आकलन करने को कहा गया। राज्य सरकार और नगरीय निकायों पर पड़ने वाले वित्तीय भार का आकलन कर पीपीपी माडल में निजी भागीदारी की संभावनाएं तलाशने के निर्देश दिए।
यह भी पढ़ें- नवा रायपुर में बढ़ेगा आवासीय विस्तार, 119.89 करोड़ की परियोजना से 704 फ्लैट समेत बनेंगे 348 भवन
सड़क कार्यों की समग्र योजना बने
15वें वित्त आयोग की राशि से होने वाले कार्यों में सड़क, नाली, पेयजल और प्रकाश व्यवस्था की कमियों को चिन्हित कर प्राथमिकता तय करने को कहा गया। बोरा ने सड़क निर्माण और उन्नयन के कार्यों को बिखरे तरीके से करने के बजाय शहर की समग्र अधोसंरचना और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप योजनाबद्ध ढंग से कराने पर जोर दिया। इसके लिए यातायात दबाव, कनेक्टिविटी, जरूरत और मौजूदा स्थिति का आकलन करने के निर्देश दिए।